भारी अव्यवस्था, श्रद्धालुओं को परेशानी, न सुरक्षा की फिक्र, न कानून का भय, बोलो दुर्गा माता की जय
कल सप्तमी थी, मैंने सोचा चलो, पूरे परिवार के साथ चलते हैं, विभिन्न रांची की पूजा समितियों एवं स्थानीय प्रशासन द्वारा किये गये बड़े-बड़े दावों तथा अखबारों एवं चैनलों में आ रहे समाचारों का स्वयं की आंखों से अवलोकन करते हैं, कि सचमुच पूरा रांची दुर्गामय हो गया है, भक्तिमय हो गया है कि वही ढाक के तीन पांत वाली हाल है।
Read More