जिनके शासन में महिलाओं को कोई सम्मान नहीं मिला, वे BJP नेता चले महाशक्ति की आराधना करने

नवरात्र का आगमन देख भाजपा नेताओं का समूह कोई चांदी की प्रतिमा, तो कोई पत्थर तो कोई तैल्य चित्र को ही सामने रख मां की आराधना में लग गया है। चूंकि शारदीय नवरात्र काफी मायने रखता है और कहा जाता है कि इसी नवरात्र में भगवान राम ने महाशक्ति की आराधना कर रावण पर विजय प्राप्त की थी, इसलिए इन दिनों जो भाजपा नेता झारखण्ड में होनेवाले विधानसभा चुनाव से जुड़े हैं, वे सभी शक्ति की आराधना में लगे हैं

नवरात्र का आगमन देख भाजपा नेताओं का समूह कोई चांदी की प्रतिमा, तो कोई पत्थर तो कोई तैल्य चित्र को ही सामने रख मां की आराधना में लग गया है। चूंकि शारदीय नवरात्र काफी मायने रखता है और कहा जाता है कि इसी नवरात्र में भगवान राम ने महाशक्ति की आराधना कर रावण पर विजय प्राप्त की थी, इसलिए इन दिनों जो भाजपा नेता झारखण्ड में होनेवाले विधानसभा चुनाव से जुड़े हैं, वे सभी शक्ति की आराधना में लगे हैं और सब के मन में यही भाव है कि महाशक्ति, झारखण्ड में उनकी पार्टी की जीत कराये, पर महाशक्ति का आशीर्वाद इन्हें प्राप्त होगा, कहना मुश्किल है। 

क्योंकि इनकी पार्टी में खुद ही नारियों का सम्मान नहीं प्राप्त हो रहा, तभी तो जिन पर यौन शोषण के आरोप हैं, उन्हें बचाने के लिए भाजपा के ही बड़े नेता एड़ीचोटी एक किये हुए हैं। हम बात कर रहे हैं सीएम के चहेते बाघमारा के दबंग विधायक ढुलू महतो की जिस पर भाजपा के ही धनबाद की जिला मंत्री कमला कुमारी ने यौन शोषण का आरोप लगाया, पर उसकी प्राथमिकी भी राज्य सरकार ने दर्ज नहीं होने दी। मामला हाई कोर्ट में हैं, हाई कोर्ट ने तो डीजीपी और धनबाद के एसएसपी को कारण बताओ नोटिस तक जारी कर दिया, पर क्या मजाल की झारखण्ड का डीजीपी और धनबाद का एसएसपी कमला कुमारी की प्राथमिकी दर्ज कराने में मुख्य भूमिका निभा दें, ये दोनों तो हाई कोर्ट से भी ज्यादा मुख्यमंत्री के प्रति श्रद्धा निवेदित कर रहे हैं।

धर्मनिष्ठ व्यक्तियों का कहना है कि ऐसे तो आराधना कोई भी करें, उसकी मनोकामना मां अवश्य पूरा करती हैं, पर आराधना करनेवाले के कर्म कैसे हैं? उस पर भी महाशक्ति की नजर रहती है, भक्ति तो रावण ने भी भोलेनाथ और महाशक्ति की, की थी, पर सभी जानते हैं, रावण को असफलता ही हाथ लगी, इसलिए कर्म प्रधान है, पूजा प्रधान नहीं। तभी तो गोस्वामी तुलसीदास ने श्रीरामचरितमानस में लिखा कर्म प्रधान विस्व करि रखा। जो जस करहि तस फल चाखा।।

जरा देखिये, कोई भी भाजपा का शीर्षस्थ नेता यह नहीं देख रहा कि उनकी पार्टी के नेताओं के चरित्र कैसे हैं? बस एक सूत्री कार्यक्रम हमें चुनाव जीतना है, चाहे उसके लिए हमें उद्दंड या घटियास्तर के लोगों को ही टिकट देना क्यों पड़ें, जहां ऐसी सोच हैं, वहां तो भक्ति भी बेमानी हो जाती है, पर क्या किया जाये, भाजपाइयों को लगता है कि उनके द्वारा जो भी कार्य किये जा रहे हैं, वह सर्वश्रेष्ठ हैं, जबकि झारखण्ड की सामान्य जनता भी जानती है कि रघुवर सरकार ने कैसे राजभवन के समक्ष कुछ दिन पहले आंगनवाड़ी महिलाओं पर पुरुष पुलिस के द्वारा लाठी चार्ज करवाई तथा उन पर हाथ भी छुड़वाये, जिसकी तीव्र भर्त्सना भाजपा को छोड़ सभी राजनीतिक दल तथा सामाजिक संगठनों के नेताओं ने की।

राजनीतिक पंडितों का कहना है कि महाशक्ति की आराधना से ज्यादा इन नेताओं को चाहिए कि वे अपने आचरणों में सुधार लाएं, तथा उनके पार्टी में जो लोग गंदे कार्यों में लिप्त हैं, उन्हें बाहर का रास्ता दिखाएं, नहीं तो महाशक्ति ने अपना तीसरा नेत्र खोला तो फिर क्या होगा? शायद उन्हें पता नहीं।

फिलहाल राज्य के मुख्यमंत्री रघुवर दास नवरात्र के पहले दिन मां भगवती की आराधना की, वहीं दुसरी और पिछले पांच सालों तक नेपथ्य में रहनेवाले और अचानक केन्द्र से लेकर राज्यस्तर तक सक्रिय हो जानेवाले अर्जुन मुंडा, सपत्नीक आज अपने आवास पर महाशक्ति की आराधना की। उधर झारखण्ड भाजपा प्रभारी ओम प्रकाश माथुर हमेशा की तरह अपने राजस्थान स्थित निवास स्थान बेडर में महाशक्ति की आराधना प्रारम्भ की, ओम प्रकाश माथुर इस दिन पूरे नवरात्र मौन व्रत धारण करेंगे तथा माता का आशीर्वाद प्राप्त करेंगे।

Krishna Bihari Mishra

Next Post

ओल्ड पेंशन स्कीम के लिए संघर्ष कर रहे आंदोलनकारियों को हेमन्त सोरेन का समर्थन

Sun Sep 29 , 2019
रांची के मोराबादी मैदान में ओल्ड पेंशन स्कीम सुविधा को पुनः बहाल करने को लेकर राज्य भर से विभिन्न विभागों के सरकारी कर्मचारियों का महाजुटान हुआ। नेशनल मूवमेंट फॉर ओल्ड पेंशन स्कीम की राज्य कमेटी की ओर से आयोजित इस पेंशन संघर्ष रैली को संबोधित करते हुए नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने कहा कि ओल्ड पेंशन स्कीम के लिए संघर्ष कर रहे आंदोलनकारी कर्मचारियों की मांगे जायज है,

You May Like

Breaking News