पहले बच्चों के खाने में गिरती थी छिपकली, अब कैदियों के खाने में भी गिरने लगी, घटना खूंटी कारा की, 24 बीमार, चल रहा इलाज

आपको याद होगा कि बिहार-झारखण्ड में बच्चों को मिलनेवाले मिड-डे मील में कई स्थानों पर भोजन में छिपकली मिलने से संबंधित समाचार पढ़ने और सुनने को मिल रहे थे और अब वो दिन दूर नहीं कि कैदियों के भोजन में भी छिपकली देखने को मिले, इसकी शुरुआत खूंटी कारा से आज हो गई, बताया जाता है कि खूंटी कारा में विषाक्त खाना खाने के बाद 24 कैदी बीमार हो गये, 

आपको याद होगा कि बिहार-झारखण्ड में बच्चों को मिलनेवाले मिड-डे मील में कई स्थानों पर भोजन में छिपकली मिलने से संबंधित समाचार पढ़ने और सुनने को मिल रहे थे और अब वो दिन दूर नहीं कि कैदियों के भोजन में भी छिपकली देखने को मिले, इसकी शुरुआत खूंटी कारा से आज हो गई, बताया जाता है कि खूंटी कारा में विषाक्त खाना खाने के बाद 24 कैदी बीमार हो गये,  जिनमें से दस कैदियों को जेल स्थित अस्पताल में इलाज चल रहा तो बाकी कैदियों का इलाज सदर अस्पताल में चल रहा हैं।

सूत्र बताते है कि कैदियों को जब भोजन कराया जा रहा था, तो उस दौरान एक कैदी को दाल में मरी हुई छिपकली मिली, जिसके बाद बवाल हो गया, जैसे ही प्रशासनिक अधिकारियों को इस बात की जानकारी मिली, वे बीमार कैदियों की सुध लेने खूंटी कारा पहुंच गये, हालांकि काफी समय बीत जाने के बाद सभी कैदी खतरे से बाहर है, लेकिन इस घटना ने लोगों के नींद अवश्य उड़ा दिये, इस दौरान जब कैदियों की हालत खराब हो रही थी, तो कैदियों ने गुस्सा में आकर बवाल काटने की कोशिश की, जिसे अधिकारियों ने शांत कराया।

सूत्र बताते है कि इन बीमार कैदियों में हार्डकोर नक्सली और अफीम से जुड़े अपराधी भी शामिल हैं, हालांकि प्रशासन पूरे मामले की जांच करा रहा हैं, पर इस घटना ने खूंटी जिला प्रशासन और जेल प्रशासन पर अंगूलियां भी उठा दी है, कि यहां कैदियों को भोजन देने में किस प्रकार की कोताही बरती जा रही हैं, जब जेल में विषाक्त भोजन मिलने लगे तो कैदियों के स्वास्थ्य का क्या हाल होगा? खूंटी की इस घटना पर कई मानवाधिकार संगठनों ने भी अंगूलिया उठा दी हैं।

Krishna Bihari Mishra

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