CM बताएं कि सरयू, सीपी, महेश और जय प्रकाश को भाजपा से कब निलंबित कर रहे हैं?

गांडेय से भाजपा विधायक है जयप्रकाश वर्मा। इनका कहना है कि झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास, अपने ही विधायकों को उचित इज्जत नहीं देते। ये बातें उन्होंने जमुआ में लक्ष्य स्वयंसेवी संस्था द्वारा संचालित महिला प्रशिक्षण केन्द्र के उद्घाटन कार्यक्रम में पत्रकारों से कही। उन्होंने साफ कहा कि वे अपने विधायकों की एक नहीं सुनते, जबकि विपक्षियों को खुब लाभ पहुंचाते है।

गांडेय से भाजपा विधायक है जयप्रकाश वर्मा। इनका कहना है कि झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास, अपने ही विधायकों को उचित इज्जत नहीं देते। ये बातें उन्होंने जमुआ में लक्ष्य स्वयंसेवी संस्था द्वारा संचालित महिला प्रशिक्षण केन्द्र के उद्घाटन कार्यक्रम में पत्रकारों से कही। उन्होंने साफ कहा कि वे अपने विधायकों की एक नहीं सुनते, जबकि विपक्षियों को खुब लाभ पहुंचाते है। उनका यह भी कहना था कि ऐसा सिर्फ वे ही नहीं महसूस करते, ऐसा भाजपा के तकरीबन सभी विधायक महसूस करते है। मुख्यमंत्री के इस रवैये से सभी नाराज हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि एक बार वे खुद उनसे मिलकर सारी बातें रखी हैं। पार्टी के सभी विधायक रांची में उनके आवास पर भी मिले थे। सबकी लगभग यहीं राय थी। उनका कहना था कि सबकी राजनीति करने का अपना अलग तरीका है। वे जिस उद्देश्य के लिए राजनीति में आये, वह पूरा नही हो रहा। उनका उद्देश्य रात में सोने नहीं देता। वे पार्टी में ही रहकर बदलाव लाने की कोशिश करेंगे।

राज्यसभा सांसद महेश पोद्दार भी अपने ट्विटर के माध्यम से समय-समय पर राज्य सरकार पर चुटकी लेते रहते हैं। जैसे हाल ही में एक अखबार को साक्षात्कार के दौरान उन्होंने कहा कि दुर्भाग्य है कि इस राज्य में सीएम को कट् बंद करने का निर्णय लेना पड़ता है, सोलर पावर पर भी इन्होंने सरकार का ध्यान आकृष्ट कराया था, पर सरकार और उनके अधिकारियों ने इनकी सुनी ही नहीं। मामला कोर्ट में चला गया।

संसदीय कार्य सह खाद्य आपूर्ति मामले मंत्री सरयू राय ने तो अपने बयान से हमेशा मुख्यमंत्री रघुवर दास को कटघरे में खड़ा किया, पर आश्चर्य इस बात की है कि ऐसे लोगों की बात कभी नहीं सुनी जाती, जो सरकार को एक बेहतर दिशा देने का प्रयास कर रहे हैं, जो जनता के हितों की बात करते हैं। आश्चर्य इस बात की भी है कि इन्हीं हरकतों के कारण, झारखण्ड में भाजपा कार्यकर्ताओं का एक बडा समूह मुख्यमंत्री के पद पर रघुवर दास को बैठा देखना पसंद नहीं करता।

सूत्रों का कहना है कि सीमा शर्मा और रवीन्द्र तिवारी ने तो ऐसा कुछ भी नहीं किया, जिसके कारण उन्हें इस प्रकार दंडित और अपमानित करने का प्रयास, राज्य के मुख्यमंत्री रघुवर दास द्वारा किया गया, इन दोनों को भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया गया। इन लोगों से ज्यादा रघुवर दास का इमेज तो महेश पोद्दार, सरयू राय और जय प्रकाश वर्मा ने प्रभावित किया।

नगर विकास मंत्री सी पी सिंह तो मुख्यमंत्री रघुवर दास और राज्य के अधिकारियों से इतने क्षुब्ध है कि एक दिन उन्होंने बयान दे डाला, जिसको देखिये वहीं रांची को प्रयोगशाला बनाकर रख दिया है। ऐसे में मुख्यमंत्री रघुवर दास और प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण गिलुवा की जोड़ी बताये कि भाजपा की प्राथमिक सदस्यता से महेश पोद्दार, सरयू राय, जय प्रकाश वर्मा और सीपी सिंह को कब निकालने की घोषणा हो रही हैं। कहीं ऐसा तो नहीं कि बड़े नेताओं को पार्टी से छुट्टी करने में पसीने छुट रहे हैं, इसलिए सासू का गुस्सा पुतोहू पर निकाला जा रहा हैं।

Krishna Bihari Mishra

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