मांडर सामूहिक दुष्कर्म कांड में बड़ी कार्रवाई, महज आठ घंटे में आठ आरोपी गिरफ्तार, एक विधि-विरुद्ध किशोर निरुद्ध
रांची जिले के मांडर थाना क्षेत्र में कथित सामूहिक दुष्कर्म की घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए महज आठ घंटे के भीतर आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया, जबकि एक विधि-विरुद्ध किशोर को निरुद्ध किया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए रांची पुलिस ने विशेष टीम गठित कर लगातार छापेमारी अभियान चलाया और सभी आरोपियों को दबोचने में सफलता हासिल की।
पुलिस के अनुसार, 6 जून 2026 की शाम मांडर थाना क्षेत्र के करगे गांव की एक महिला द्वारा लिखित आवेदन देकर सामूहिक दुष्कर्म की शिकायत दर्ज कराई गई। शिकायत मिलते ही मांडर थाना में कांड संख्या 58/2026 दर्ज किया गया और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 70(1) के तहत प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई।
घटना की सूचना तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। रांची के वरीय पुलिस अधीक्षक और ग्रामीण पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर पुलिस उपाधीक्षक (खलारी) के नेतृत्व में एक विशेष जांच एवं छापेमारी टीम का गठन किया गया। टीम में मांडर, चान्हो, बुढ़मू और ठाकुरगांव थाना के प्रभारी समेत कई पुलिस पदाधिकारी एवं जवानों को शामिल किया गया।
जांच प्रारंभ करते हुए पुलिस ने पीड़िता को तत्काल चिकित्सकीय जांच एवं उपचार के लिए रांची सदर अस्पताल भेजा। इसके साथ ही मांडर, चान्हो और बुढ़मू थाना क्षेत्रों के विभिन्न स्थानों पर लगातार छापेमारी की गई। पुलिस की इस कार्रवाई का परिणाम यह रहा कि घटना दर्ज होने के केवल आठ घंटे के भीतर मामले में संलिप्त आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया तथा एक किशोर को निरुद्ध कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में आयुष उरांव (22 वर्ष), प्रकाश मुंडा उर्फ पापड़ मुंडा (19 वर्ष), रामलूस कुजूर (23 वर्ष), रंजीत उरांव (24 वर्ष), उमेश भगत (23 वर्ष), दीपक उरांव (19 वर्ष), राम उरांव (19 वर्ष) तथा विकास उरांव (23 वर्ष) शामिल हैं। इसके अलावा 15 वर्षीय एक विधि-विरुद्ध किशोर को भी निरुद्ध किया गया है।
पुलिस ने बताया कि मामले की जांच तेजी से जारी है। अनुसंधान के दौरान सामने आने वाले अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के विरुद्ध शीघ्र आरोपपत्र न्यायालय में समर्पित किया जाएगा। पुलिस ने यह भी कहा है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपितों के विरुद्ध स्पीडी ट्रायल चलाने के लिए न्यायालय से अनुरोध किया जाएगा, ताकि पीड़िता को जल्द न्याय मिल सके।
इस पूरे अभियान का नेतृत्व पुलिस उपाधीक्षक (खलारी) राम नारायण चौधरी ने किया। छापेमारी दल में पुलिस निरीक्षक जय प्रकाश राणा, मांडर थाना प्रभारी मनोज करमाली, चान्हो थाना प्रभारी टिंकू रजक, ठाकुरगांव थाना प्रभारी शुभम कुमार, बुढ़मू थाना प्रभारी नवीन कुमार शर्मा सहित कई पुलिस पदाधिकारी और जवान शामिल थे।
