राजनीति

हेमन्त होंगे कांग्रेस-झामुमो की ओर से मुख्यमंत्री पद के संयुक्त उम्मीदवार

आखिरकार कांग्रेस पार्टी ने हेमन्त सोरेन को अपना नेता मान ही लिया। आज नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन के आवास पर कांग्रेस पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अजय कुमार ने संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि उनकी पार्टी झारखण्ड में राज्यसभा चुनाव में अपना प्रत्याशी उतारेगी, जिसका समर्थन झारखण्ड मुक्ति मोर्चा करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि 2019 में लोकसभा का चुनाव झारखण्ड में कांग्रेस और झामुमो दोनों मिलकर लड़ेंगे और विधानसभा का चुनाव कांग्रेस पार्टी हेमन्त सोरेन के नेतृत्व में लड़ेगी।

कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार के इस वक्तव्य से ही स्पष्ट हो गया कि कांग्रेस ने हेमन्त सोरेन को झारखण्ड में पूर्ण रुपेण अपना नेता मान लिया, साथ ही यह भी स्वीकार कर लिया कि कांग्रेस में, खासकर झारखण्ड में उनके पास ऐसा कोई व्यक्ति या नेता नहीं, जो अकेले कांग्रेस को सत्ता में ले आये। कांग्रेस के इस निर्णय से इतना तो स्पष्ट हो गया कि झारखण्ड में भाजपा सरकार के खिलाफ एक मजबूत गठबंधन सामने आ चुका है, अगर ये गठबंधन चुनाव तक बरकरार रहा तो भाजपा सरकार का अंत तय हैं, क्योंकि जिस प्रकार से भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच अपने ही सरकार के प्रति नाराजगी हैं, तथा जनता के बीच, जिस प्रकार बडी तेजी से भाजपा अलोकप्रिय हो रही हैं, उससे इस गठबंधन का सत्ता में आना उतना ही सुनिश्चित हो रहा हैं।

इधर नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने कहा कि कांग्रेस के इस निर्णय से झारखण्ड में एक नई शक्ति का संचार हुआ है, जनता को एक बेहतर विकल्प मिला है, कांग्रेस और झामुमो के रुप में, उनकी पार्टी जनता के सपनों को पूरा करने के लिए राज्य में संघर्ष करेगी और दोनों पार्टियां भाजपा सरकार को उखाड़ फेंकने में कामयाब होगी।

ज्ञातव्य है कि पिछले दिनों हेमन्त सोरेन दिल्ली जाकर कांग्रेस सुप्रीमो राहुल गांधी से मिले थे और राहुल गांधी ने मिलकर झारखण्ड में चुनाव लड़ने तथा भाजपा के खिलाफ संघर्ष करने का सिग्नल दिया था, जिसकी स्वीकारोक्ति दोनों नेताओं ने पत्रकारों के माध्यम से  जनता के बीच दे दी।