राजनीति

प. बंगाल में हिंसक घटनाओं से नाराज EC ने चुनाव प्रचार के समय में एक दिन की कटौती की, ममता और अमित शाह में आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी

. बंगाल में कल भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के रोड शो के दौरान हुए हिंसक घटनाओं को देखते हुए पहली बार चुनाव आयोग ने एक बड़ा फैसला लिया और प. बंगाल मे चुनाव प्रचार के समय में एक दिन की कटौती कर दी, अब प. बंगाल में चुनाव प्रचार 17 को न समाप्त होकर कल ही यानी 16 मई को रात 10 बजे खत्म हो जायेगा। चुनाव आयोग के इस आदेश के बाद प. बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाये हैं, ममता बनर्जी का कहना है कि चुनाव आयोग ने अमित शाह के इशारों पर ऐसा आदेश जारी किया है।

चुनाव आयोग का कहना है कि पं बंगाल में कल घटित घटना, विभिन्न राजनैतिक दलों से मिली शिकायत, प. बंगाल चुनाव आयोग की डीइसी रिपोर्ट, विशेष पर्यवेक्षकों के संयुक्त रिपोर्ट के आधार पर उसने यह निर्णय लिया है कि अब बंगाल में जहां नौ लोकसभा सीटों के लिए मतदान 19 मई को होने हैं, वहां अब कल ही चुनाव प्रचार समाप्त हो जायेगा।

चुनाव आयोग का मानना है कि यह पहला मौका है कि अनुच्छेद 324 का प्रयोग करते हुए चुनाव प्रचार के समय को कम किया गया है, क्योंकि अनुच्छेद 324 चुनाव आयोग को यह विशेष अधिकार दे रखा है, कि जब कानून-व्यवस्था की स्थिति गंभीर हो जाये, हिंसा या आचार संहिता के उल्लंघन के मामले हद से ज्यादा दिखने लगे, तो वह ऐसे निर्णय ले सकता है।

चुनाव आयोग ने अपने एक और महत्वपूर्ण निर्णय में, प. बंगाल के सीआइडी के एडीजी राजीव कुमार को गृह मंत्रालय भेज दिया है, तथा उन्हें कल सुबह 10 बजे तक गृह मंत्रालय को रिपोर्ट करने को कहा गया है, यहीं नहीं प्रमुख सचिव गृह और स्वास्थ्य को उनके वर्तमान पद से तत्काल प्रभाव से मुक्त कर दिया हैं, इन पर आरोप था कि ये चुनाव प्रक्रिया में बंगाल के मुख्य चुनाव अधिकारी को आदेश देकर, चुनाव प्रक्रिया में हस्तक्षेप करने की कोशिश कर रहे थे। अब मुख्य सचिव ही गृह विभाग का कार्य देखेंगे।

यह पहली बार देखा जा रहा है कि लोकसभा चुनाव को लेकर प. बंगाल में राजनैतिक वैमनस्यता इस कदर बढ़ी है कि राज्य सरकार और केन्द्र एक दूसरे से टकरा रही हैं, भाजपा ने कल की घटना को लेकर बंगाल में लॉ एंड आर्डर ठीक नहीं होने का मामला उठा दिया है, भाजपा का कहना है कि देश की जनता देख रही है कि बंगाल में कानून-व्यवस्था के क्या हालात है, जहां ईश्वर चंद्र विद्यासागर की प्रतिमा को राजनीतिक अखाड़े का भेंट चढ़ा दिया जाता हो, वहां अब कुछ भी कहने-सुनने की जरुरत नहीं है, चुनाव आयोग ने यह अच्छा निर्णय लिया है, इससे अब बंगाल में शांति देखने को मिलेगी।

इधर भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने साफ कहा कि ममता बनर्जी का यह कहना कि हिंसा भाजपा कर रही है, वो ममता बनर्जी को बता देना चाहते है कि ममता बनर्जी की पार्टी केवल 42 सीटों पर चुनाव लड़ रही हैं और भाजपा देश के सभी राज्यों में चुनाव लड़ रही है, लेकिन कहीं पर हिंसा नहीं हुई, बंगाल में तो हर चरण में हिंसा हुई, इसका मतलब है कि यह हिंसा तृणमूल कांग्रेस की देन है।