सरयू राय का आरोप, CM रघुवर ने राज्य का खजाना खाली किया, RBI के अनुसार सरकार डिफॉल्टर

चुनाव प्रचार के अंतिम दिन झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास को चुनौती दे रहे राज्य के पूर्व खाद्य आपूर्ति मंत्री सरयू राय ने संवाददाताओं को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य का खजाना राज्य के मुख्यमंत्री रघुवर दास पूरी तरह से खाली कर चुके हैं। स्थिति ऐसी है कि राज्य के 7500 से ज्यादा ठेकेदारों को बकाये बिल लंबित है, अगर इनके बकाये बिल का भुगतान कर दिया जाये, तो अगले महीने से राज्य के अधिकारियों व कर्मचारियों को वेतन के लाले पड़ जायेंगे।

चुनाव प्रचार के अंतिम दिन झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास को चुनौती दे रहे राज्य के पूर्व खाद्य आपूर्ति मंत्री सरयू राय ने संवाददाताओं को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य का खजाना राज्य के मुख्यमंत्री रघुवर दास पूरी तरह से खाली कर चुके हैं। स्थिति ऐसी है कि राज्य के 7500 से ज्यादा ठेकेदारों को बकाये बिल लंबित है, अगर इनके बकाये बिल का भुगतान कर दिया जाये, तो अगले महीने से राज्य के अधिकारियों व कर्मचारियों को वेतन के लाले पड़ जायेंगे। भारतीय रिजर्व बैंक ने पहले से ही इस राज्य सरकार को डिफाल्टर में डाल दिया है।

जब दिल्ली की अवैध बस्तियां वैध हो सकती हैं, उन्हें मालिकाना हक मिल सकता हैं तो फिर छयासी बस्ती को क्यों नहीं?

उन्होंने कहा कि जब देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी लोकसभा व राज्यसभा से बिल पास कराकर दिल्ली में रहे रहे अवैध कॉलोनियों को वैध करार दे सकते हैं, उन्हें उनका मालिकाना हक दिला सकते हैं, तो फिर ऐसा ही जमशेदपुर के छयासी बस्तियों के साथ क्यों नहीं हो सकता, आखिर जो मुख्यमंत्री बार-बार छयासी बस्ती को मालिकाना हक दिलाने की बात करते थे, सत्ता के सर्वोच्च शिखर पर बैठने के बाद मुकर क्यों गये? वे कोशिश करेंगे कि जैसे दिल्ली में अवैध कालोनियों को वैध करार देते हुए उन्हें मालिकाना हक दिलाया गया, वैसे ही छयासी बस्तीवालों के साथ भी हो, इस पर वे काम करेंगे।

राज्य में स्किल घोटाला, रोजगार घोटाला को अंजाम दिया गया

उन्होंने कहा कि इस राज्य में स्किल घोटाला हुआ है। स्किल के नाम पर कभी 26 हजार लोगों को तो कभी एक लाख लोगों को नौकरी दिलाने की घोषणा की गई। सरयू राय ने कहा कि उनके पास 26 हजार लोगों के नाम और पते के साथ मोबाइल नंबर भी हैं, कोई भी पता लगा सकता है कि उन बच्चों को नौकरी दी गई या नहीं, स्थिति बहुत ही भयावह हैं, और जो लिम्का बुक वालों ने इसके लिए सीएम रघुवर दास को प्रशस्ति पत्र दिया है, उसके लिए उन्हें जनता से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने कहा कि वे इस मुद्दे को उठायेंगे और कोशिश करेंगे कि जिन्होंने गलतियां की है, वे सही जगह पहुंच जाये।

जो जमशेदपुर पूर्व में भय और आतंक का साम्राज्य स्थापित किये हैं, वे जल्द ही बिल में छुपते नजर आयेंगे

सरयू राय ने यह भी कहा कि चुनाव प्रचार के दौरान, उन्हे एक-दो विडियो हाथ लगे है, जिनसे स्पष्ट हैं कि उनको समर्थन दे रहे लोगों पर दबाव बनाने का काम किया गया, हालांकि वे इस मुद्दे पर उन्हें जवाब दे सकते थे, पर मामला पेचीदा हो जाता, इसलिए उन्होंने इस मामले को चुनाव आयोग के समक्ष रखा हैं, वो इस मामले को देखे, लेकिन इस घटना से यह जरुर पता चल गया कि जमशेदपुर में किस प्रकार भय और आतंक का माहौल है, कुछ लोगों ने कुछ इलाकों में भय का माहौल बना कर रखा हैं, चुनाव जीतने के बाद उनकी वो हालत होगी कि वे बिल में छुपते हुए नजर आयेंगे।

काम करने के दौरान गलतियां होना स्वाभाविक, पर जानबूझकर गलतियां करेंगे, तो जेल जाने के लिए तैयार रहिये

उन्होंने सीएम रघुवर दास पर आरोप लगाया कि जिन सहिया, आंगनवाड़ी महिलाओं को विभिन्न सभाओं में भीड़ बटोरने के लिए इस्तेमाल किया गया, उनकी क्या हालत इन्होंने की है, सरयू राय को पता है, वे चाहेंगे कि उनकी समस्या खत्म हो, और इस पर वे आगे काम करेगें। होमगार्ड के लोगों के बीच ड्यूटी देने के नाम पर भी घोटाला होता हैं, किसी को चार-चार महीने पर ड्यूटी लगते हैं तो किसी को एक-एक महीने में ही कई ड्यूटियां लग जाती है।

उन्होंने यह भी कहा कि राज्य की पुलिसकर्मियों को जिस रघुवर सरकार ने बिहार की तर्ज पर 13 महीने का वेतन देने का वायदा किया था, वह नहीं निभाया गया, वे चाहेंगे कि उन्हें उनका हक प्राप्त हो। उन्होंने कहा कि इसी तरह राशन दुकानदारों को उन्होंने पांच हजार रुपये प्रति माह मानदेय देने की बात की थी, पर मुख्यमंत्री ने इसे घटाकर एक हजार रुपये कर दिया, और वह एक हजार रुपये देने में भी ये आज असमर्थ है। समस्याएं कई है, वे चाहेंगे कि ईमानदारीपूर्वक उनका निदान हो, और इसके लिए वे भरसक प्रयास करेंगे। साथ ही चुनाव समाप्त हो जाने के बाद वे इन सारी समस्याओं पर काम करेंगे तथा वैसे लोगों को जेल भेजने का काम करेंगे, जिन्होंने गलतियां की है।

उन्होंने कहा कि काम करने के दौरान गलतियां होती हैं, पर जब आपको उन गलतियों की ओर ध्यान आकृष्ट कराया जाता है, और आप संभल जाते हैं तो ठीक है, पर जब आप संभलने की जगह बार-बार गलतियां करते हैं तो फिर यह अपराध हो जाता हैं, और इसके लिए सजा मिलनी ही चाहिए, ऐसे लोगों को जेल जाना ही चाहिए।

सरयू राय ने झामुमो, आजसू, आप, भाकपा, माकपा व उन्हें समर्थन दे रहे भाजपाइयों के प्रति भी आभार जताया

सरयू राय ने अपनी बात रखने के पूर्व झारखण्ड मुक्ति मोर्चा, आजसू, आम आदमी पार्टी, भारतीय कम्यूनिस्ट पार्टी, मार्क्सवादी कम्यूनिस्ट पार्टी के लोगों को समर्थन देने के लिए आभार प्रकट किया। उन्होंने उन भाजपाइयों के प्रति भी आभार प्रकट किया, जिनका उन्हें समर्थन प्राप्त हो रहा है, झाविमो और कांग्रेस पर हालांकि उन्होंने व्यंग्यात्मक कमेन्ट्स भी किये, साथ ही उन सारे सामाजिक संगठनों के प्रति आभार प्रकट किया, जो आज भी उन्हें समर्थन दे रहे हैं।

Krishna Bihari Mishra

Next Post

नये झारखण्ड विधानसभा भवन में आग लगी या लगाई गई? सरकार उच्चस्तरीय जांच कराएं, नहीं तो...

Thu Dec 5 , 2019
ऐसे तो इस राज्य में अजब-गजब के खेल चलते हैं, बाइस सौ करोड़ रुपये से बनी कोनार नहर को चूहे गटक जाते हैं, और 465 करोड़ रुपये से बने नये विधानसभा भवन में देखते ही देखते आग लग जाती है, जिससे विधानसभा भवन को भारी नुकसान हो जाता है। कमाल है सचिव बोलते है कि शार्ट सर्किट से आग लगी हैं और जो निर्माण कंपनी से जुड़ा ठेकेदार हैं, वह सीधा कहता है कि आग लगी नहीं, किसी ने लगा दी है,

Breaking News