CM रघुवर के राज में कमीशनखोर IAS अधिकारियों की बल्ले-बल्ले, सरकार दे रही संरक्षण – हेमन्त

नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने आज विधानसभा में रघुवर सरकार पर आरोप लगाया कि वह राज्य के भ्रष्ट पदाधिकारियों को प्रमोट कर रही हैं, उन्हें संरक्षण प्रदान कर रही हैं और जो पदाधिकारी ऐसे लोगों पर एक्शन लेने की बात सीएम रघुवर दास से कर रहे हैं, उनका ही स्थानान्तरण करवा दिया जा रहा हैं, प्रमाण के तौर पर उर्जा विभाग में कार्यरत एमडी नितिन मदन कुलकर्णी का स्थानान्तरण और राहुल कुमार पुरवार का राज्य के सीएम रघुवर दास द्वारा दिया जा रहा संरक्षण को उदाहरण के तौर पर पेश किया जा रहा है।

नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने आज विधानसभा में रघुवर सरकार पर आरोप लगाया कि वह राज्य के भ्रष्ट पदाधिकारियों को प्रमोट कर रही हैं, उन्हें संरक्षण प्रदान कर रही हैं और जो पदाधिकारी ऐसे लोगों पर एक्शन लेने की बात सीएम रघुवर दास से कर रहे हैं, उनका ही स्थानान्तरण करवा दिया जा रहा हैं, प्रमाण के तौर पर उर्जा विभाग में कार्यरत एमडी नितिन मदन कुलकर्णी का स्थानान्तरण और राहुल कुमार पुरवार का राज्य के सीएम रघुवर दास द्वारा दिया जा रहा संरक्षण को उदाहरण के तौर पर पेश किया जा रहा है।

नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने झारखण्ड विधानसभा परिसर में प्रेस को संबोधित करते हुए कहा कि उनके पास एक इ-मेल की प्रतिलिपि हाथ लगी है, जो सीएम रघुवर दास के पारदर्शिता की पोल खोल कर रख दी है, इ-मेल की प्रतिलिपि बताने के लिए काफी है कि यहां कैसे लूट मचा है और कैसे अधिकारी सरकारी खजाने की लूट में अपना सारा ध्यान लगा चुके है।

नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड के लिए काम करनेवाली इंजिनियरिंग एंड टेक्निकल सर्विसेज कन्सलटेंट्स जो पावर ट्रासमिशन और डिस्ट्रिब्यूशन का काम देखती है, उसके एक अधिकारी अविनाश कुमार ने राज्य के मुख्य सचिव को एक पत्र लिखा है, वह पत्र बताने के लिए काफी है कि यहां कैसे एक अधिकारी कमीशन लेने के नाम पर फाइल को लटका देते है, और वह कमीशन कौन-कौन लोग प्राप्त करते हैं?

नेता प्रतिपक्ष ने जेबीवीएनएल के एमडी राहुल कुमार पुरवार पर आरोप लगाया कि वह विद्युत बोर्ड पर गैंग बना कर बैठे हैं और सरकार के लिए धन उगाही का काम कर रहे हैं। हेमन्त सोरेन ने कहा कि इन पर पूर्व में भी गंभीर आरोप लगे थे, और इसकी शिकायत सीएम रघुवर दास से की गई थी, पर इस व्यक्ति के खिलाफ शिकायत तक दर्ज नहीं हो रही।

कमाल है इस इ-मेल को देखिये तो साफ पता लगता है कि टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड के लिए काम करनेवाली इंजिनियरिंग एंड टेक्निकल सर्विसेज कन्सलटेंट्स जो पावर ट्रासमिशन और डिस्ट्रिब्यूशन का काम देखती है, जिसका काम डालटनगंज-पलामू में चल रहा हैं, उसका सभी विभागों में फाइल क्लियर हो जाने के बावजूद राहुल कुमार पुरवार के पास फाइल सिर्फ इसलिए लटका हुआ है कि क्योंकि मामला कमीशन से जुड़ा है, जो कमीशन उक्त संस्थान से मांगी जा रही है। हेमन्त सोरेन ने कहा कि ये सारे कमीशन लेने का काम राहुल कुमार पुरवार का रिश्तेदार सुमीत कुमार पुरवार (मोबाइल नंबर – 9709036921) करता है, जो समय-समय पर कमीशन जल्द जमा करने की धमकी भी दिया करता है।

नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने कहा कि वे इस मामले में सदन के नेता से जानकारी चाहते थे कि आखिर ये मामला क्या है, 45 दिन इस मेल को आये हुए हो गये, इस पर क्या कार्रवाई हुई? आखिर जिस राहुल कुमार पुरवार पर जो कार्रवाई होनी चाहिए थी, वो कार्रवाई नितिन मदन कुलकर्णी के खिलाफ कैसे हो गई? उनका तबादला कैसे और क्यों हो गया?

नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने कहा कि राज्य के सीएम को जानकारी है कि जो विभाग राहुल कुमार पुरवार द्वारा देखा जा रहा हैं, उस विभाग का सालाना बजट दो हजार करोड़ का है, समयावधि पूर्ण हो जाने के बाद भी राहुल कुमार पुरवार को स्थानान्तरण नहीं करना और उसे संरक्षण देना क्या बताता है? इसका मतलब है कि सरकार के संरक्षण में सरकारी खजाने की लूट चल रही है, आखिर 19 करोड़ रुपये की फाइल को लटकाने का मतलब क्या है?

नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन ने कहा कि अविनाश कुमार ने इस पत्र में जिक्र किया है कि यह कमीशन केवल राहुल कुमार पुरवार ही नहीं, बल्कि मुख्य सचिव और मुख्यमंत्री तक जाता है, ये कहना है राहुल कुमार पुरवार और उनके रिश्तेदार का। ये पत्र आज संवाददाताओं को मिलने से पूरे राजनीतिक ही नहीं, बल्कि प्रशासनिक हलकों में हड़कम्प मच गया हैं, पर सरकार इसका जवाब देगी, संभव नहीं दिखता।

Krishna Bihari Mishra

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