CM रघुवर दास ने विधानसभा को भी नहीं छोड़ा, विपक्षी नेताओं को गाली से नवाजा

देखिये, ये हैं झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास। इन्हें बोलने की तमीज नहीं। गत्  6  दिसम्बर को गढ़वा में ब्राह्मणों के खिलाफ आपत्तिजनक शब्द का प्रयोग किया और आज झारखण्ड विधानसभा में विपक्षी नेताओं को गाली दे दिया। ध्यान से सुनिये, क्या ऐसा व्यक्ति हमारे राज्य का मुख्यमंत्री बनने लायक हैं ?सवाल भाजपा से भी, क्या भारतीय जनता पार्टी के नेताओं की अब यहीं भाषा रह गयी हैं?  

देखिये, ये हैं झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास। इन्हें बोलने की तमीज नहीं। गत्  6  दिसम्बर को गढ़वा में ब्राह्मणों के खिलाफ आपत्तिजनक शब्द का प्रयोग किया और आज झारखण्ड विधानसभा में विपक्षी नेताओं को गाली दे दिया। ध्यान से सुनिये, क्या ऐसा व्यक्ति हमारे राज्य का मुख्यमंत्री बनने लायक हैं? सवाल भाजपा से भी, क्या भारतीय जनता पार्टी के नेताओं की अब यहीं भाषा रह गयी हैं?  क्या अब विपक्षी नेताओं को सदन का नेता यानी मुख्यमंत्री गाली से संबोधित करेगा? क्या प्रतिपक्ष के नेता गाली सुनने के लिए बने हैं?

देश में पहले मुख्यमंत्री बने रघुवर दास, जो सदन में विपक्षियों को गाली देते हैं

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आज विधानसभा में जो भी कुछ हुआ, वह शर्मनाक था। कम से कम सत्तारुढ़ दल के मुखिया से ऐसी भाषा की उम्मीद नही की जा सकती। विपक्ष का काम है, सरकार द्वारा लाई गई नीतियों का यथोचित विरोध करना, उन विरोधों का मानना, नहीं मानना, ये सरकार का काम है, पर आप इसके बदले विपक्ष की नहीं सुनेंगे और उसे गाली देंगे, तब इसका मतलब हुआ कि आप एक नई परंपरा को जन्म दे रहे हैं। हमें लगता है कि भारत के किसी भी राज्य में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल किसी मुख्यमंत्री ने नहीं किया होगा, जो आज झारखण्ड विधानसभा में सीएम रघुवर दास ने किया।

ये भारत के संपूर्ण राज्यों में पहले मुख्यमंत्री हुए, जिन्होंने अपने विरोधियों को गाली दिया, यहीं नहीं जिस उग्रता का इन्होंने प्रदर्शन किया, वह भी शर्मनाक है। विपक्षी नेताओं को अंगुली दिखाकर यह कहना कि उन्हें झंडा ढोनेवाला नहीं मिलेगा, ये शर्मनाक है, इसकी जितनी भर्त्सना की जाय कम है। यहीं नहीं जिस गंदी भाषा का उन्होंने विपक्षी नेताओं के लिए प्रयोग किया, हम उसे यहां लिख नही सकते।

विधानसभा परिसर के बाहर नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन के नेतृत्व में सीएम रघुवर दास का पुतला दहन

ये घटना घटी, विधानसभा में स्थानीयता को लेकर, जिसका विरोध संपूर्ण विपक्ष कर रहा था, विपक्ष इसे लेकर वेल में आकर हंगामा खड़ा किये हुए था, जिस पर मुख्यमंत्री रघुवर दास ने आपत्तिजनक शब्द का प्रयोग कर दिया। मुख्यमंत्री रघुवर दास के इस आपत्तिजनक बयान को लेकर सारे विपक्षी नेताओं में आक्रोश व्याप्त है,  इसे लेकर विधानसभा परिसर के बाहर नेता प्रतिपक्ष हेमन्त सोरेन के नेतृत्व में झामुमो ने सीएम रघुवर दास का पुतला जलाया।

Krishna Bihari Mishra

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CM रघुवर दास के खिलाफ गढ़वा के CJM की अदालत में केस दर्ज

Fri Dec 15 , 2017
गढ़वा निवासी नवलेश कुमार धर दूबे ने आज झारखण्ड के मुख्यमंत्री रघुवर दास के खिलाफ एक केस दर्ज करवाया है। यह केस मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी गढ़वा की अदालत में सेक्शन 500/294 आईपीसी की धारा के तहत दर्ज कराई गई है। केस रजिस्टर्ड कर ली गई है। जिसकी संख्या 3338/17 हैं। नवलेश कुमार धर दूबे ने शिकायत दर्ज कराई है कि...

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