जानिये, इन कारणों से 2019 में जनता, भाजपा सरकार को सत्ता से बाहर का रास्ता दिखायेगी

भाजपा के लोग मुगालते में हैं, दिवास्वपन देख रहे हैं, उन्हें लगता है कि चूंकि देश में भाजपा का कोई विकल्प नहीं है, इसलिए जनता के पास भाजपा को चुनने के सिवा दूसरा कोई रास्ता नहीं हैं, इसलिए जनता के पास मजबूरियां है भाजपा को चुनने की, अतः जनता 2019 में भाजपा को चुनेगी और उसके बाद आनेवाले चुनाव में हो सकता है कि सरकार बदल जाये, फिर भी अगर उस वक्त भी स्थितियां यहीं रही तो भाजपा का हर समय बल्ले-बल्ले हैं…

भाजपा के लोग मुगालते में हैं, दिवास्वपन देख रहे हैं, उन्हें लगता है कि चूंकि देश में भाजपा का कोई विकल्प नहीं है, इसलिए जनता के पास भाजपा को चुनने के सिवा दूसरा कोई रास्ता नहीं हैं, इसलिए जनता के पास मजबूरियां है भाजपा को चुनने की, अतः जनता 2019 में भाजपा को चुनेगी और उसके बाद आनेवाले चुनाव में हो सकता है कि सरकार बदल जाये, फिर भी अगर उस वक्त भी स्थितियां यहीं रही तो भाजपा का हर समय बल्लेबल्ले हैं

भाई अच्छे सपने देखना, दिवास्वपन में खोये रहना, किसे अच्छा नहीं लगता, ऐसे में भाजपा वाले भी देख रहे हैं, तो क्या गलत हैं, पर आम जनता जो ये सोच रखी थी कि भाजपा के आने के बाद उनके जीवन में भी रंग भर जायेंगे, खुशियां आयेंगी, अच्छे दिन आयेंगे तो आम जनता के जीवन में कोई खास अंतर तो नहीं आया, और ही कुछ नया दिखा, ऐसे में आम जनता तो सबक सिखाने को तैयार हैं, और इस जनता को जहां भी मौका मिल रहा हैं, वह अपने वोटों के मार से देखा दे रही हैं, जैसे हाल ही में बिहार के अररिया और जहानाबाद, राजस्थान के अलवर और अजमेर में हुए लोकसभा चुनाव परिणाम ने दिखा दिया कि आम जनता भाजपा को कितना समर्थन दे रही हैं।

भाजपा के लोगों को मालूम होना चाहिए कि जनता के पास विकल्प हो या न हो, जब उसका मूड खराब होता है तो वह खुद विकल्प बना लेती है और सत्ता सौंप देती हैं, ये कहना कि विपक्ष तब तक एक नहीं रहेगा, ये भी मूर्खता हैं, विपक्ष को भी एकता का पाठ,समय-समय पर जनता सीखा देती है। अब हम बात करते है कि भाजपा के हार के कौन-कौन से कारण हैं…

  1. झूठ और जुमले की राजनीति – आधुनिक भाजपा नेताओं की झूठ बोलने की आदत और उनके जुमले की राजनीति से आम आदमी तंग आ चुका है, जिससे भाजपा, आम जनता के बीच अपनी विश्वसनीयता पूरी तरह खो दी हैं, भाजपा के शीर्षस्थ नेताओं की लगातार झूठ ने, भाजपा कार्यकर्ताओं की नींद तक उड़ा दी हैं, पहले झूठ बोलना, जुमले बोलना और बाद में ढीठई के साथ यह कह देना कि अच्छा दिन आता थोड़े ही हैं, ये तो महसूस करना पड़ता हैं, जनता के साथ सबसे बड़ा धोखा हैं और ये पाप भाजपा के नेताओं ने किया हैं।
  2. महिलाओं के साथ धोखा – भारत में हर महिलाएं, अपने पति तथा अपने बेटे के आय से कुछ भाग, अपना पेट काटकर, छुपाकर रखती है, ताकि आनेवाले संकटों से वह इन बचाये गये पैसों से अपने परिवार की रक्षा कर सकें, भाजपा के आला नेताओं ने अपने नीच हरकतों से उन महिलाओं के पैसों पर डाका डाला तथा उन महिलाओं के पैसे बैंक में रखवा दिये, जहां उनके पैसे सुरक्षित नहीं रह पाये, ये भारत की असंख्य महिलाओं के साथ बहुत बड़ा धोखा था, जिस अपमान को बर्दाश्त करने की स्थिति में भारत की महिलाएं तैयार नहीं हैं और वह मोदी सरकार को सबक सिखाने के लिए तैयार बैठी हैं।
  3. काला धन लाने के नाम पर जनता को धोखा – 2014 लोकसभा चुनाव के समय इसके नेता बार-बार जनता से वायदे किये थे कि वे काला धन लायेंगे, पर ये काला धन क्या लायेंगे, इन्होंने भारतीय मतदाताओं के पैसे जो विभिन्न बैंकों में रखे हुए थे, उन्हें ही विजय माल्या, नीरव मोदी जैसे लूटेरों के हाथ लूटवा दिया, तथा इन्हें बाहर भगवाने में भी मदद कर दी, आज स्थिति यह है कि भारत का किसान कर्ज में डूबकर आत्महत्या कर रहा है, और ये लूटेरे बैंकों के पैसों को लूटकर विदेश में जाकर बस गये और भारतीय मतदाता इन्हें टूकर-टूकर देख रहा हैं।
  4. जातिवाद को बढ़ावा – भाजपा में जातिवाद चरम पर हैं, भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष, भाजपा की ओर से बना प्रधानमंत्री और झारखण्ड का मुख्यमंत्री सभी की जाति की कुंडली एक ही हैं, कभी भारत के पूर्व उप प्रधानमंत्री देवी लाल भाजपा को, …. की पार्टी कहा करते थे, अब तो वह चरितार्थ हो रहा हैं, ऐसे में भारत की जनता, भाजपा को इस बार सिर पर चढ़ाने को तैयार नहीं हैं।
  5. महंगाई पर नियंत्रण न होना – पूरे विश्व में पेट्रोलियम के भाव गिर रहे हैं, पर अपने देश में मोदी सरकार ने ऐसी व्यवस्था कर दी है कि लोगों को पता ही नहीं चलता, दिन-प्रतिदिन पेट्रोलियम के बढ़ते दामों व गैस सिंलिंडरों के बढ़ते दाम ने भारतीय परिवारों की मुश्किले बढ़ा दी।
  6. जवानों को राशन मनी एलाउँस काटा और अपना वेतन बढ़ाया – देश की पहली सरकार मोदी सरकार बनी जो सीमा पर तैनात जवानों के राशन मनी एलांउस को खत्म करा दिया तथा स्वयं और अन्य सांसदों के वेतन में भारी वृद्धि कर ली, यहीं नहीं पूरे देश में अपने पार्टी कार्यालय बनाने के लिए बेतहाशा धन इक्ट्ठा किया, जबकि दिल्ली में अपनी पार्टी के लिए अलग से आलीशान कार्यालय तैयार करवा लिया, ऐसा आलीशान बिल्डिंग किसी पार्टी के पास नहीं हैं यानी जनता की परवाह नहीं और अपनी पार्टी के लिए इनके पास समय और दौलत दोनों हैं।
  7. क्षेत्रवाद को जन्म – भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष और प्रधानमंत्री दोनों गुजराती हैं, ऐसे में बार-बार गुजराती मॉडल की बातों से देश की अन्य राज्यों की जनता को लगता है कि उनके राज्यों के लिए इन दोनों के दिलों में कोई जगह नहीं, ये दोनों केवल हवा-हवाई किले बनाकर धोखे देते हैं।
  8. झूठे वायदे में सबसे तेज – आज करोड़ों बेरोजगार सड़कों पर घूम रहे हैं, आंदोलन कर रहे हैं, पर उनकी नहीं सुना जा रहा हैं, जबकि हर साल इस सरकार ने दो करोड़ लोगों को नौकरी देने का वायदा किया था, पर आज पकौड़ा छानने व छनवाने की बात कह रही हैं।
  9. जीएसटी-नोटबंदी से भारत पिछड़ा – भारत का आर्थिक विकास दर पहली बार अब तक के सबसे नीचली पायदान पर हैं, नोटबंदी और जीएसटी के गलत तरीके से देश में लागू करने के कारण कई कल-कारखानें मंदी के शिकार हो गये, आर्थिक मंदी के कारण देश की अर्थव्यवस्था चौपट हो गई।
  10. सीमा असुरक्षित – पहली बार देखने को मिल रहा है कि इनके राज्य में नेपाल, बांगलादेश, पाकिस्तान, चीन यहां तक की मालदीव जैसे देशों से भी हमारे देश के संबंध ठीक नहीं है। भारत –पाक सीमा, भारत-बांगलादेश सीमा, भारत-चीन सीमा, भारत-म्यामांर सीमा, सभी असुरक्षित हैं, कोई भी अराष्ट्रीय तत्व आराम से भारत में घुस सकता हैं, भाजपा शासन से आशा थी कि यह इस ओर ध्यान देगी, पर इसनें इन सब पर ध्यान न देकर, केवल भाजपा और भाजपा के नेता कैसे आर्थिक रुप से मजबूत हो, इस पर ध्यान दिया, जिससे जनता की नाराजगी बढ़ गई। यहीं नहीं इन सीमाओं पर रोहिंग्याओं तथा बांगलादेशी घुसपैठियों की आई बाढ़ ने पूरे देश को खतरे में ला दिया, पर केन्द्र सरकार आंख मूंदकर बैठी हैं, स्थिति ऐसी है कि बांगलादेशी घुसपैठिये पूरे भारत में फैल गये, और ये अब भारत के मतदाता भी बन बैठे हैं।

ऐसे में इस बार, 2019 में भाजपा को सबक सिखाने के लिए जनता तैयार हैं, अगला प्रधानमंत्री कोई भी हो, पर इतना तय हैं कि वह भाजपा का नहीं ही होगा, क्योंकि जनता की भी मजबूरी है, वह अब भाजपा को ज्यादा झेलने को तैयार नहीं हैं।

Krishna Bihari Mishra

Next Post

मुख्यमंत्री रघुवर दास के इलाके से रिलायंस फ्रेश का मैनेजर लापता, कोई सुराग नहीं

Mon Mar 19 , 2018
पिछले दो दिनों से जमशेदपुर के रिलायंश फ्रेश रिटेल गोलमुरी ब्रांच के मैनेजर अमित कौशिक लापता हैं, उनके मित्र फिलहाल सोशल मीडिया में उसकी खोज के लिए विशेष अभियान चला रहे हैं, उनका पूरा परिवार अमित की खोज के लिए बेचैन हैं, पर अमित कहां है, किसी को पता नहीं। इधर इसकी जानकारी पुलिस को लिखित रुप में दे दी गई हैं, पर पुलिस इस मामले में पुरी तरह से सुस्त दीख रही है।

Breaking News