राजनीति

जहां भी चुनाव होने हैं, वहां केन्द्र की तीन एजेंसियां IT, CBI, ED सक्रिय हो जाती हैं, पर केन्द्र में हुए घोटाले पर मौन साध लेती हैं, कैग रिपोर्ट ने ‘न खाऊंगा न खाने दूंगा’ की पोल खोल दी – JMM

झारखण्ड मुक्ति मोर्चा के केन्द्रीय महासचिव व प्रवक्ता सुप्रिया भट्टाचार्य ने आज प्रेस कांफ्रेस कर कहा कि कैग की रिपोर्ट ने देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के उस बयान की पोल खोलकर रख दी है, जो वे हर बार कहा करते थे कि ‘न खाऊंगा और न खाने दूंगा।’ सुप्रियो ने कहा कि हाल ही में आये कैग रिपोर्ट ने साबित कर दिये कि देश में कैसे अरबों रुपयों का वारा-न्यारा हुआ। उन्होंने कहा कि अभी तो पूरी सरकार का रिपोर्ट आना बाकी है, अभी तो तीन विभागों के कैग रिपोर्ट ने केन्द्र सरकार के हर दावे का पोल खोलकर कर रख दिया, बाकी सभी विभागों का जब रिपोर्ट आ जायेगा तो क्या होगा?

सुप्रियो ने कहा कि यूनिवर्सिटी, मेडिकल कॉलेज, 250 किलोमीटर सड़क, सभी जगह एम्स बनकर तैयार, पांच लाख तक का मुफ्त इलाज और जब इन सबकी पड़ताल की गई, तो मालुम हुआ कि इनमें अरबो रुपये डकारनेवाले आराम से बैठे हैं, सरकार चला रहे हैं। प्रधानमंत्री कहते हैं कि पथ-परिवहन योजना, भारत माला, जिसका सुपरविजन वे खुद करते हैं, इस योजना में जिसे थोड़ा बहुत भी हिसाब आता है, उसे इसमें हुए घोटाले को देखकर उसकी बुद्धि ही समाप्त हो जायेगी।

सुप्रियो ने कहा कि समाज कल्याण विभाग चला रही मंत्री एक चैनल की एंकर को पूछ डाला कि आप जेल में गये कैसा लगा, एक चैनल के संवाददाता से पूछा कि किस चैनल में नौकरी करती हो, उसकी नौकरी ही चली गई, उनके मंत्रालय में करोड़ों रुपये लूटे गये। सीवीसी की रिपोर्ट है कि सर्वाधिक भ्रष्टाचार की सूची में गृह मंत्रालय पहले, रेल मंत्रालय दूसरे तथा वित्त मंत्रालय तीसरे स्थान पर हैं। अब इसी से पता लग जाता है कि कौन खा रहा है और कौन नहीं खा रहा।

सुप्रियो ने कहा कि आम तौर पर देखा गया है कि जिस भी राज्य में चुनाव होने होते हैं, वहां पर केन्द्र की तीन एजेंसियों को सक्रिय कर दिया जाता है। वो एजेंसियां हैं – आईटी, सीबीआई और ईडी। अब ये तीनों एजेंसियां खुद बताये कि दिल्ली में जो घोटाले हुए, उन घोटालों में ये एजेंसियां कहां हैं? सुप्रियो ने कहा रेलवे मिनिस्टर गुजरात कैडेट का आईएएस है। स्वास्थ्य विभाग का भ्रष्टाचार कैनेक्शन गुजरात से हैं। गृह मंत्रालय के सारे अधिकारी गुजरात कैडेट के हैं। समाज कल्याण मंत्री की तो बात छोड़िये उनका तो झूठ बोलना बायें हाथ का खेल है। सच कभी बोलती ही नहीं।

सुप्रियो ने कहा कि वित्त मंत्री तो प्याज कभी खाती ही नहीं, तो उन्हें प्याज की कीमत बढ़े या घटे, उन्हें क्या फर्क पड़ता है। भाजपाइयों का तो बस यही काम हैं कि पहले किसी पर 70 हजार का आरोप लगाओ, फिर छापा मरवाओ, फाइल तैयार करो और उसके बाद महाराष्ट्र का उप मुख्यमंत्री बना दो। कमाल है, जो जेल होकर आया है, फर्जीवाड़े में जिसका नाम है उसे केन्द्र में मंत्री बना दो।सुप्रियो ने कहा कि अभी तीन विभाग का ये हाल है, सभी विभागों का जब रिपोर्ट आयेगा तो क्या स्थिति होगी, समझने की जरुरत है।

उन्होंने कहा कि अभी भाजपा शासित उत्तराखण्ड में कैग की रिपोर्ट आई है। जिसमें वित्तीय वर्ष 2022-23 में बताया गया है कि ग्यारह महीने तक एक भी पैसा खर्च नहीं हुआ और सिर्फ मार्च महीने में 27 सौ करोड़ रुपये खर्च कर दिये गये। उन्होंने कहा कि आपको याद होगा कि राफेल मामले में जब घोटाले की बात आई तो इस सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बंद फाइल में रिपोर्ट सौंपी और यह कहा कि यह राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा मामला है, इसे ओपेन नहीं किया जा सकता।

इधर बाबूलाल मरांडी नकलवाले मामले में फंस गये, ये कैग रिपोर्ट के बारे में लोगों को नहीं बताते। ये डुमरी में घुम रहे हैं। ये डुमरी की जनता को बतायेंगे कि 2001 में उन्होंने ओबीसी का आरक्षण इसी आजसू पार्टी के साथ मिलकर कम किया था। रघुवर दास ने जब 1985 को स्थानीयता घोषित किया था तो उस वक्त आजसू के चन्द्र प्रकाश रघुवर सरकार मंत्रिमंडल में शामिल थे। 2016 में जब सीएनटी-एसपीटी एक्ट आया तो उस वक्त रघुवर सरकार का विरोध क्यों किया था। दरअसल बिना मतलब का भ्रम पैदा करना इनका आदत रहा है। भाजपाइयों का केवल यही काम है, सांप्रदायिकता-अलगाववाद को बढ़ावा देना, यही इनकी नीति और नीयत भी है। डुमरी में इनके अंत की शुरुआत होगी और 2024 इनका अंत कर देगा।