अपराध

झारखण्ड हाई कोर्ट ने राज्य सरकार से एक सप्ताह के अंदर ढुलू महतो के यौन शोषण मामले की जांच रिपोर्ट मांगी

राज्य के मुख्यमंत्री रघुवर दास अपने चहेते बाघमारा के दबंग भाजपा विधायक ढुलू महतो को कितना भी बचाने का प्रयास क्यों न करें, उसके पांवों के नीचे कालीन बिछाने का ही प्रयास क्यों न करें, पर अब लगता है कि ढुलू महतो के दिन लद चुके हैं।आज बाघमारा के भाजपा विधायक ढुलू महतो, जिस पर धनबाद के कतरास थाने में यौन शोषण का मामला दर्ज है।

राज्य की उच्च न्यायालय ने इस संबंध में एक सप्ताह के अंदर राज्य सरकार से रिपोर्ट मांगी है। जस्टिस आनन्द सेन की अदालत ने सरकार से इस बात की जानकारी चाही है कि सरकार बताएं कि ढुलू के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किये जाने के बाद उसकी जांच कहां तक पहुंची? उच्च न्यायालय ने एक सप्ताह के अंदर जांच की प्रगति रिपोर्ट न्यायालय को सौंपने को कहा है।

बताया जाता है कि आज ढुलू के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करानेवाली पीड़िता ने न्यायालय से मांग किया था कि इस मामले की जांच सीबीआई से कराई जाये। पीड़िता ने उच्च न्यायालय को बताया कि ढुलू वर्ष 2015 से ही उसका यौन शोषण करते रहे हैं, जिसकी शिकायत उसने कतरास थाने में ऑनलाइन कराई थी, पर उसकी ऑनलाइन शिकायत पर किसी ने ध्यान ही नहीं दिया, बाद में जब उसकी किसी ने नहीं सुनी तब जाकर उसने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया, तो जाकर प्राथमिकी दर्ज की गई, लेकिन प्राथमिकी दर्ज किये जाने के बाद भी उसमें कोई प्रगति नहीं देखी जा रही।

इसी बीच अदालत ने पीड़िता से पूछा है कि जब उसके खिलाफ तीन साल से यौन-शोषण हो रहा था, तब उसने तीन साल बाद शिकायत दर्ज क्यों की, इसके कारण बताने के लिए पीड़िता को कहा गया है। इधर बताया जाता है कि भाजपा विधायक ढुलू महतो ने अदालत से उसका पक्ष भी सुनने का अनुरोध किया है, पर इस संबंध में अदालत ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।