रांची के रातू थाने के हाजत में नेसार की हुई मौत को भाकपा माले ने हत्या करार दिया

रातू थाना हाजत में नेसार की हुई मौत की घटना की जांच के लिए भाकपा माले और मानवाधिकार संगठनों के प्रतिनिधियों ने सिमलिया के फुलटोली जाकर कल नेसार के परिजनों से मिला। प्रतिनिधियों ने नेसार की बेवा पत्नी और सास से मिलकर घटना की विस्तृत जानकारी ली। घटना की तहकीकात करने पर पता चला कि रातू थाना हाजत में बंद नेसार के मामले में सारे निर्धारित कायदे कानूनों की अवहेलना कर पुलिसिया ज्यादती की गयी।

रातू थाना हाजत में नेसार की हुई मौत की घटना की जांच के लिए भाकपा माले और मानवाधिकार संगठनों के प्रतिनिधियों ने सिमलिया के फुलटोली जाकर कल नेसार के परिजनों से मिला। प्रतिनिधियों ने नेसार की बेवा पत्नी और सास से मिलकर घटना की विस्तृत जानकारी ली।

घटना की तहकीकात करने पर पता चला कि रातू थाना हाजत में बंद नेसार के मामले में सारे निर्धारित कायदे कानूनों की अवहेलना कर पुलिसिया ज्यादती की गयी। परिजनों की अनुपस्थिति में शव को अन्त्य परीक्षण के लिए भेजना नियम बिरुद्ध है। रातू थाना हाजत में नेसार की हुई मौत आत्महत्या नहीं, बल्कि हत्या हैघटना की सत्यता छिपाने की लिए रातू पुलिस लगातार झूठ का सहारा ले रही है।

भाकपा माले इस घटना के दोषियों पर कार्रवाई एवं परिजनों को मुआवजा भुगतान की लडाई को आगे बढ़ाएगी। जाँच टीम में भाकपा माले एआईपीएफ के वरिष्ठ नेता बशीर अहमद, जिला सचिव भुवनेश्वर केवट, एचआरएलएन के ओंकार विश्वकर्मा, विकास कुमार दुबे, मोहम्मद गुलजार, एमडी मुन्निफ अंसारी समेत कई लोग मौजूद थे।  

Krishna Bihari Mishra

Next Post

विपक्ष को हाशिये पर लाने के लिए रांची की मीडिया और सत्तारुढ़ दल के बीच ‘ले-दे’ की संस्कृति प्रारम्भ

Sun Aug 25 , 2019
पूरे राज्य में रांची की मीडिया और राज्य की भाजपा सरकार के बीच ले-दे की संस्कृति फलने-फूलने लगी है, और इसके माध्यम से राज्य के सभी प्रमुख विपक्षी दलों को हाशिये पर लाने का काम शुरु हो गया है। राज्य का सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग जिसके मंत्री स्वयं मुख्यमंत्री रघुवर दास हैं, उस विभाग ने इसमें सक्रियता दिखानी शुरु कर दी है। हर हफ्ते यानी रविवार के दिन रांची के सभी प्रमुख व प्रभावशाली अखबारों को, दो-दो पेज के विज्ञापन...

Breaking News