लोहरदगा की घटनाः 24 घंटे के भीतर हत्या, लूट व छिनतई की वारदात का खुलासा, दो आरोपी गिरफ्तार, हत्या में प्रयुक्त देशी कट्टा, जिंदा गोली और मोबाइल बरामद
लोहरदगा पुलिस ने 30 जुलाई को शहर में हुई लूट के प्रयास, पेट्रोल पंप पर छिनतई की कोशिश और प्रिया स्टोर संचालक शुभम कुमार की हत्या की सनसनीखेज घटनाओं का 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त देशी कट्टा, एक जिंदा .315 बोर की गोली तथा एक मोबाइल फोन बरामद किया है। घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल की बरामदगी के लिए रांची में छापेमारी जारी है।
पुलिस के अनुसार, 30 जुलाई की शाम करीब 4:35 बजे लोहरदगा थाना क्षेत्र के अपर बाजार स्थित खत्री ज्वेलर्स में दो अपराधियों द्वारा लूट का प्रयास किए जाने की सूचना मिली। इसके लगभग एक घंटे बाद पतराटोली स्थित एक पेट्रोल पंप पर छिनतई की कोशिश की गई और उसके समीप निधि कॉम्प्लेक्स में संचालित प्रिया स्टोर के संचालक शुभम कुमार को गोली मार दी गई। गंभीर रूप से घायल शुभम कुमार को तत्काल सदर अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटनाओं की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी लोहरदगा और थाना प्रभारी तत्काल घटनास्थल पहुंचे। प्रारंभिक जांच में तीनों घटनास्थलों के सीसीटीवी फुटेज के आधार पर लाल रौशन नाथ शाहदेव (कुरसे, लोहरदगा) और हसमथ राजा (पतागांई, घाघरा, गुमला) की पहचान की गई।
इसके बाद अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्रद्धा केरकेट्टा के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया। टीम में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी किस्को दिवाकर कुमार, थाना प्रभारी रत्नेश मोहन ठाकुर, अंचल निरीक्षक चन्द्रशेखर आजाद, पुलिस अवर निरीक्षक रवि रंजन कुमार सहित कुल 10 पुलिस पदाधिकारी एवं जवानों को शामिल किया गया। मामले में लोहरदगा थाना में दो अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया।
एसआईटी ने संदिग्ध ठिकानों पर लगातार छापेमारी की तथा आरोपियों के मोबाइल नंबर के आधार पर सीडीआर, आईपीडीआर और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया। हालांकि शुरुआती प्रयासों में सफलता नहीं मिली। इसके बाद पुलिस अधीक्षक ने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए 31 जुलाई की रात करीब तीन बजे तक थाना परिसर में कैंप कर स्वयं तकनीकी विश्लेषण की निगरानी की और टीम को लगातार दिशा-निर्देश दिए।
तकनीकी सुराग मिलने पर एक अगस्त की सुबह लोहरदगा थाना क्षेत्र के ओयना गांव स्थित एक बंद मकान में छापेमारी कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में दोनों ने तीनों घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। उनकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त देशी कट्टा और एक जिंदा गोली बरामद की गई।
पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी लाल रौशन नाथ शाहदेव ने पूछताछ में बताया कि घटना के बाद वह लगातार ठिकाने बदलता रहा और 30 जुलाई की रात रांची में छिपा था। वहीं उसके एक साथी इश्तेयाक ने घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और मोबाइल अपने पास रख लिया।
पूछताछ में आरोपी ने यह भी बताया कि खत्री ज्वेलर्स में लूट के प्रयास की शुरुआत दुकान संचालक से हुए विवाद के बाद हुई। आरोपी के अनुसार, वह पहले भी दुकान पर आभूषण खरीदने गया था। घटना वाले दिन सोने की चेन खरीदने के दौरान कथित रूप से दुकानदार द्वारा अपमानित किए जाने पर उसने हथियार निकालकर चेन लूटने का प्रयास किया, लेकिन दुकानदार ने उसका हथियार छीनकर उसे दुकान से बाहर निकाल दिया। इसके बाद दोनों आरोपी बड़की चांपी स्थित एक टूटे मकान से देशी कट्टा और गोली लेकर पेट्रोल पंप पहुंचे, जहां कैश लूटने का प्रयास किया। कर्मचारियों के शोर मचाने पर वे वहां से भागे और बाद में प्रिया स्टोर के संचालक शुभम कुमार को गोली मार दी।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में मुख्य आरोपी ने दावा किया कि उसकी दुश्मनी पूर्व पीएलएफआई कमांडर संदीप भगत से थी तथा उसे सूचना मिली थी कि शुभम कुमार उसकी मुखबिरी करता है। इसी संदेह में उसने शुभम कुमार की हत्या कर दी। पुलिस इस दावे की भी जांच कर रही है।
गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी लाल रौशन नाथ शाहदेव के विरुद्ध नामकुम, लोहरदगा और सेन्हा थाना में हत्या के प्रयास, लूट, चोरी, आर्म्स एक्ट सहित कई संगीन मामलों में आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मामले पहले से दर्ज हैं।
