अपराध

धनबाद के चिरकुंडा थानेदार के खिलाफ अंजू ने CM हेमन्त व DGP को लिखा पत्र, की शिकायत, पूर्वाग्रह से ग्रसित होने का लगाया आरोप

पुलिस विभाग द्वारा अक्सर ज्यादती करने संबंधी शिकायतें समाचारों की सुर्खियां बनती रहती हैं। इस कड़ी में एक और नया अध्याय जुड़ गया है। ताजा मामला धनबाद जिला अंतर्गत चिरकुंडा थाना क्षेत्र का है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक चिरकुंडा थानेदार ने प्राथमिकी दर्ज कराने वाले आवेदक पर ही कार्रवाई करते हुए उसके खिलाफ मामला दर्ज कर लिया और उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। जबकि आवेदक ने जिस दागदार अभियुक्त के खिलाफ थाने में आवेदन दिया, उसे ठंडे बस्ते में डाल दिया गया।

इस संबंध में चिरकुंडा थाना अंतर्गत नेहरू रोड निवासी आवेदक अमन सिंह की पत्नी अंजू देवी ने शुक्रवार (9 सितंबर) को मुख्यमंत्री और डीजीपी को पत्र प्रेषित कर न्याय की गुहार लगाई है।  पत्र की प्रतिलिपि बोकारो के उपमहानिरीक्षक और धनबाद के वरीय पुलिस अधीक्षक को भी दी गई है। अंजू देवी ने मुख्यमंत्री को प्रेषित आवेदन में जिक्र करते हुए कहा है कि उनके पति अमन सिंह विगत लगभग दो दशकों से कोयला के ट्रेडिंग और ट्रांसपोर्टिंग व्यवसाय से जुड़े हैं।

विगत तकरीबन तीन वर्षों से लोहे के स्क्रैप का व्यापार भी अनुज्ञप्ति प्राप्त कर कर रहे हैं। उनके पति द्वारा स्क्रैप का व्यवसाय शुरू करने पर स्क्रैप व्यापार के पुराने कारोबारी व सोनारडंगाल, चिरकुंडा निवासी निलय गडयान, प्रणय गडयान एवं सूरज ढढेरा द्वारा प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रूप से कई बार लोहे के स्क्रैप का व्यवसाय बंद कर दिए जाने की धमकी उनके पति को दी जाती रही, लेकिन उनके पति ने उन लोगों की धमकी को कभी गंभीरता से नहीं लिया।

अंजू देवी ने कहा है कि विगत तीन-चार दिनों से उनके पति अमन सिंह जब भी अपने कार्यालय आते-जाते थे, उन्हें किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा पीछा किए जाने का आभास होता था। इस बात की चर्चा उन्होंने घर में और अपने सहयोगियों के बीच भी की थी। अंजू देवी ने पत्र में कहा है कि 6 सितंबर, 2022 को जब उनके पति अमन सिंह अपने कार्यालय में कार्य कर रहे थे, इस दौरान उन्होंने एक अज्ञात व्यक्ति को घंटो तक संदिग्ध गतिविधियों में कार्यालय का निरीक्षण करते हुए पाया।

शक होने पर उनके पति और परिवार के अन्य लोगों ने आसपास के लोगों को सुरक्षा के दृष्टिकोण से सूचित किया। सूचना पाते ही आसपास के करीब 8-10 लोग उनके पति के कार्यालय में जमा हो गए और पीछा करने पर उस अज्ञात व्यक्ति को घेर कर पकड़ा। सख्ती से पूछताछ करने पर उक्त संदिग्ध व्यक्ति ने अपना नाम मनोज साव, निवासी सोनारडंगाल बताया।

उसने यह भी स्वीकार किया कि चिरकुंडा निवासी सूरज ढढेरा और उसके कारोबारी साझेदार निलय गडयान और प्रणय गडयान द्वारा व्यापारिक प्रतिबद्धता सदा के लिए समाप्त करने की मंशा से उनके पति को जान मारने के लिए आठ लाख रुपए की सुपारी दी गई है। इसी नीयत से उस व्यक्ति द्वारा उनके पति की रेकी की जा रही थी। ताकि मौका मिलते ही उनके पति पर जानलेवा हमला कर उनका काम तमाम कर सकें।

मनोज साव से सख्ती से पूछताछ करने के क्रम में उपस्थित लोगों ने उसके साथ मारपीट भी की, लेकिन उनके पति द्वारा मारपीट करने से मना किया गया और उस व्यक्ति को चिरकुंडा थाना प्रभारी के समक्ष पेश किया और इससे संबंधित एक लिखित आवेदन भी थाने में दिया गया। थाना प्रभारी के समक्ष भी उक्त व्यक्ति ने रेकी करने का आरोप स्वीकार किया। जिसकी वीडियो रिकॉर्डिंग भी पीड़िता द्वारा उपलब्ध करा दी गई। थाना प्रभारी द्वारा उचित कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया था।

इसके दूसरे ही दिन 7 सितंबर को रात्रि 9:00 बजे थाना प्रभारी चिरकुंडा उनके घर पहुंचे और उनके पति को बातचीत करने के बहाने अपने साथ ले गए। जब काफी देर हो गई तो अपने कर्मचारी सलीम खान और प्रशांत लायक को जानकारी लेने हेतु चिरकुंडा थाना भेजा, लेकिन वह लोग भी लौट कर नहीं आए। तब शंका हुई और थाने पहुंची तो उन्हें बताया गया कि उनके पति और उपरोक्त दोनों कर्मियों को चिरकुंडा थाना कांड संख्या 232/2022 के अंतर्गत गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्हें बताया गया कि उनके पति द्वारा पूर्व में समर्पित लिखित प्रतिवेदन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।

थानेदार ने अंजू देवी को बताया कि संदिग्ध अवस्था में रेकी करते पाए जाने के आरोपी मनोज साव की पत्नी सीमा देवी द्वारा सूरज ढढेरा, प्रणय गडयान, और निलय गडयान के प्रभाव एवं प्रलोभन में आकर मनगढ़ंत, झूठा और बेबुनियाद आरोप लगाते हुए कुत्सित मंशा से उनके पति के खिलाफ मामला दर्ज कराया गया है। उन्होंने थाना प्रभारी, चिरकुंडा पर आरोप लगाते हुए कहा कि उपरोक्त लोगों के प्रभाव में आकर पूर्वाग्रह से ग्रसित होकर उनके पति और उनके कर्मचारी को गिरफ्तार कर जेल भिजवा दिया गया है। 

उनके पति द्वारा पूर्व में समर्पित लिखित प्रतिवेदन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई है। अंजू सिंह ने यह भी आरोप लगाया है कि स्क्रैप व्यवसायी निलय, सूरज व प्रणय काफी रसूखदार और पैसे वाले व्यक्ति हैं। आशंका है कि उनके पति और परिवार पर जानलेवा हमला भी करवा सकते हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री और डीजीपी से इस पूरे मामले की गहन जांच करने और दोषियों के विरुद्ध अविलंब कड़ी कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।