अपराध

गम्हरिया थाना में हुए दुष्कर्म मामले में तीन पुलिसकर्मी हिरासत में, जबकि नौ निलंबित, झारखण्ड पुलिस ने माना थाने में दुष्कर्म की घटना से पुलिस विभाग की छवि हुई धूमिल

सरायकेला खरसावां पुलिस अधीक्षक कार्यालय द्वारा प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से गम्हरिया थाना कांड संख्या 86/26, दिनांक 31.10.26, धारा 64(2)(ए)/68 बीएनएस प्रकरण मामले में बताया गया है कि दिनांक 31 अक्टूबर को पीड़िता द्वारा लिखित आवेदन देकर सूचना दी गई कि दिनांक 29 अक्तूबर को समय करीब छः बजे शाम में उनके पति के साथ कहा-सुनी हुई। उन्हें आशंका हुई कि उनके पति रात में उऩके साथ मारपीट करेंगे, जिसके डर से वो घर से निकल गई।

इसके बाद वो पड़ोस के घर गई और वहां मौजूद एक महिला से कहा कि उनके पति उन्हें मारेंगे। उन्होंने उक्त महिला से थाना में फोन करने का अनुरोध किया। इसके बाद वहां गम्हरिया पीसीआर वाहन पहुंचा, जिसमें बैठकर वो महिला करीब 12 बजे रात में थाना पहुंची। थाना में ड्यूटी पर तैनात पुलिस पदाधिकारी ने उन्हें बगल के कमरे में आराम करने के लिए कहा। इसके बाद वो महिला उक्त कमरे में आराम कर रही थी।

इसी दौरान थाना में पदस्थापित एक स्टाफ वायरलेस ऑपरेटर, जिसका नाम नीरज लकड़ा है, ने उसके साथ दुष्कर्म किया। उक्त लिखित आवेदन के आधार पर प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान प्रारंभ किया गया। अनुसंधान के दौरान आ. 410 नीरज लकड़ा वायरलेस ऑपरेटर, गम्हरिया थाना को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

उक्त मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सरायकेला खरसावां के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सरायकेला के नेतृत्व में एक एसआईटी द्वारा अग्रतर अनुसंधान में 1. पुलिस अवर निरीक्षक मनोज कुमार साहू, 2. आ. 1088 संतोष कुमार राय गम्हरिया थाना को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। अन्य बिन्दुओं पर अनुसंधान जारी है।

गिरफ्तार अप्राथमिकी अभियुक्त का नाम और पता

  1. पुलिस अवर निरीक्षक मनोज कुमार साहू, उम्र 54 वर्ष, पिता स्व, जगदीश साहू, ग्राम – बड़ा गांगव, पो+थाना – मनियर, जिला – बलिया, उ.प्र., वर्तमान में पुअनि के पद पर गम्हरिया थाना।
  2. आ. 1088 संतोष कुमार राय, उम्र 50 वर्ष, पिता सुदामा राय, ग्रा.+था. – सीमरी दुधपटी, जिला – बक्सर, बिहार। वर्तमान में गम्हरिया थाना में आरक्षी पद पर पदस्थापित

नौ पुलिसकर्मियों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई

अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सरायकेला द्वारा समर्पित जांच प्रतिवेदन के आधार पर 1. पुलिस अवर निरीक्षक अजय पासवान, 2. पुलिस अवर निरीक्षक ललन रविदास, 3. स. अ. नि. विशु उरांव, 4. स. अ. नि. मुकेश कुजूर, 5. स. अ. नि. मुकेश रविदास, 6. स. अ. नि. सीताराम सिंह पाहन, 7.  हवलदार पिताम्बर महतो, 8. हव. बहादुर हांसदा एवं 9. आ/230  मनोज गोराई सभी गम्हरिया थाना को पूरे प्रकरण में अपने कर्तव्य के निर्वहन में अपेक्षित सतर्कता एवं जिम्मेदारी नहीं बरते जाने को दर्शाता है।

थाना परिसर में महिला की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं किया जाना अत्यंत गंभीर लापरवाही है। इस घटना से पुलिस विभाग की छवि धूमिल हुई है तथा आम जनता के बीच पुलिस की विश्वसनीयता पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। अपने कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही, शिथिलता, अनुशासनहीनता एवं गैर जिम्मेदाराना पुलिस पदाधिकारी/कर्मी के आरोप के लिए सामान्य जीवन यापन भत्ता पर निलंबित करते हुए पुलिस केन्द्र सरायकेला में वापस किया गया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *