झामुमो विधायक समीर कुमार मोहंती द्वारा कल दिये गये असंसदीय वक्तव्य पर सदन में भारी हंगामा, नीरा यादव ने उठाया मुद्दा, वेल में पहुंचा विपक्ष, संसदीय कार्य मंत्री ने मांगी माफी
झारखण्ड विधानसभा में तारांकित प्रश्न के दौरान अचानक भाजपा विधायक नीरा यादव आक्रोशित हो उठी। आक्रोशित होकर उन्होंने आसन की ओर मुखातिब होकर कहा कि यहां सदन में दर्शक दीर्घा में बड़ी संख्या में बच्चियां भी बैठती हैं, जो सदन को देख रही होती है। ऐसे में झामुमो विधायक समीर कुमार मोहंती का कल सदन में दिये जा रहे वक्तव्य के दौरान किया गया असंसदीय शब्द का प्रयोग व्यथित करनेवाला, पीड़ादायी व अशोभनीय था।
स्पीकर ने नीरा यादव के इस आक्रोश को देखते हुए कहा कि यही कारण था कि उन्होंने उसी वक्त उक्त अंससदीय भाषा को विलोपित करवा दिया। स्पीकर रबीन्द्र नाथ महतो द्वारा दिये गये बयान से भी नीरा यादव शांत नहीं हुई। वो गुस्से में थी, कहा कि आसन उनसे माफी मंगवाये। नीरा यादव ने कहा कि इस प्रकार की हरकतें बर्दाश्त नहीं की जायेगी, ये क्या तमाशा है?
इस प्रकार आक्रोशित होते हुए वो देखते ही देखते वेल में पहुंच गई। उनके साथ भाजपा की दो महिला विधायक भी वेल में आ गई और अपना आक्रोश व्यक्त किया। भाजपा की महिला विधायकों द्वारा वेल में आया देख, भाजपा के अन्य सारे पुरुष विधायक भी वेल में आ गये। सदन में हंगामा शुरु हो गया। इसी बीच सदन में हंगामा होता देख नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू खड़े हुए और कहा कि विपक्ष की भावनाओं से वे भी सहमत है। लेकिन ये मामला उसी वक्त समाप्त हो गया, जब स्पीकर ने उक्त अंससदीय भाषा को स्पंज कर दिया।
इधर सदन में हंगामा होता रहा। विपक्ष की मांग थी कि इस पर संसदीय कार्य मंत्री अपना वक्तव्य दें। संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि पक्ष हो या विपक्ष सदन की गरिमा बनाये रखना सबका दायित्व है। कोई भी माननीय जब भी वक्तव्य दें, तो ध्यान रखें कि सदन की गरिमा प्रभावित न हो। उन्होंने यह भी कहा कि अगर आप सत्ता पक्ष के किसी माननीय के वक्तव्य से आहत हैं, पीड़ित हैं तो मैं उनकी ओर से आपसे क्षमा चाहता हूं।
